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अंचल ( प्रेम और पॉलिटिक्स )

अंचल ( प्रेम और पॉलिटिक्स )

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Genre: Fiction / Romance / General 

Language:  Hindi

Reading Age group: any

Pages:110

Binding: Paperback

Book size: Lenth 8.5 inch / Width: 5.5 inch / height: 0.108 inch

ISBN:978-81-69393-01-0

Item Weight: 110

Author: विनायक दुबे (काफ़िर)


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Product: Description   यह उपन्यास क्यों ?

अगर सच कहूँ तो मुझे उपन्यास लिखने से डर लगता था कारण यह नहीं कि उपन्यास अच्छा नहीं होगा, बल्कि इसलिए क्योंकि में कॉप जाता था ये सोचकर कि कहीं में पात्रों के साथ न्याय नहीं कर पाया तो क्या होगा? अंततः किसी काम को टालना हम भारतीय लोगों का सबसे पसंदीदा कार्य है, क्योंकि हमें लगता है कि अगर चीजें टलती रहेंगी तो एक न एक दिन अपने आप ठीक हो जाएंगी, लेकिन अंततः में रोक नहीं पाया और कलम उठा ही ली, अंतर्मन को समझाया क्यों आखिर सब कुछ अच्छा ही लिखना है? क्यों सबकुछ अच्छा ही चाहिए, यह भाव इतना प्रबल था कि मैंने स्वयं के भीतर उठ रहे विचारों का पुलिंदा तैयार कर लिया, मानवीय प्रवृत्ति है किसी कार्य को करते समय हम सब के पीछे कुछ काल्पनिक व्यक्तित्व होते हैं, जो लिखते समय अचानक से हमारे पीछे आ धमकते हैं और कुर्सी के पीछे खड़े होकर धीरे से आपके कान में बोलते हैं "बहुत सुंदर"। मैने इस उपन्यास को लिखते समय सदैव "मानव कील" जी को स्वयं के करीब पाया है, मानव एक दिन मेरे सपने में आए उन्होंने बाहर पड़ी लालटेन जलाई, और मुझसे कहा "तुम्हे ये नहीं लगता? कि कितना कमाया से ज्यादा जरूरी है कि आपने कितना लिखा, कितना पढ़ा, और कितना घुमा।" मेरी अचानक से आँख खुली सुबह हो चली थी, शायद "मानव" प्रत्येक सुबह की तरह मेरे लिए भी "नई उम्मीद" ही हैं।

 

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